कायनात इंटरनेशनल स्कूल के बच्चों को भारत की राष्ट्रपति ने राखी बांधा

कायनात इंटरनेशनल स्कूल की अद्वितीय यात्रा: जब महामहिम राष्ट्रपति ने बढ़ाया हाथ और स्काउट्स की कलाई बंधी प्रेम की डोर राखी “ शकील ककवी

भारत की महामहिम राष्ट्रपति द्रोपती मुर्मू जी ने इस पावन पर्व को कायनात इंटरनेशनल स्कूल के बच्चों को राखी बंध कर एक यादगाप पल बना दिया।

कायनात इंटरनेशनल स्कूल की अद्वितीय यात्रा: जब महामहिम राष्ट्रपति ने बढ़ाया हाथ और स्काउट्स की कलाई पर बहन के मुहब्बत की डोर राखी  को बांध कर बहन के रक्षा की जिम्मेवारी दी“ शकील ककवी

MPNN – AINA INDIA
जहानाबाद –  रक्षा बंधन का पावन पर्व भारत में भाई-बहन के अटूट प्रेम और विश्वास का प्रतीक माना जाता है, भारत की हर बहन अपने भाई को अपने रक्षक के स्वरूप भाई की कलाई पर राखी बांध कर अपने रक्षा का संकल्प दिलवाती है, वहीं इस बार हमारे भारत की महामहिम राष्ट्रपति द्रोपती मुर्मू जी ने इस पावन पर्व के अवसर पर कायनात इंटरनेशनल स्कूल के बच्चों को राखी बंध कर एक यादगार पल बना दिया। इस पावन अवसर पर कायनात इंटरनेशनल स्कूल , कायनात नगर , काको, जहानाबाद, बिहार के छात्रों को दिल्ली बुलवा कर उनसे राखी बंधवा कर जन्मों जन्मांतर बच्चों के लिए एक यादगार अनुभव बना दिया। इस वर्ष, इन छात्रों को महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू जी से मिलने और राष्ट्रपति भवन में राखी बंधवाने का अद्वितीय अवसर प्राप्त हुआ।


इस ऐतिहासिक यात्रा की शुरुआत उस पल से हुई जब राष्ट्रपति भवन से एक विशेष आमंत्रण कायनात इंटरनेशनल स्कूल के छात्रों के पास पहुंचा। स्काउट अखिल कुमार, गाइड सलोनी कुमारी, गाइड मुस्कान कुमारी और स्काउट अल्फास क़ुरैशी, जो इस दौरे का हिस्सा थे, अत्यंत उत्साहित और गर्व महसूस कर रहे थे। इनके साथ स्कूल की वाइस प्रिंसिपल श्रीमती शाइस्ता सना और फाउंडर चेयरमैन श्री शकील ककवी भी थे।

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राष्ट्रपति भवन के भव्य वातावरण में, सभी की नजरें तब टिकीं जब महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू जी ने अपने प्रेम और आशीर्वाद की डोर राखी स्काउट अल्फास क़ुरैशी के कलाई पर बांधी। यह क्षण न केवल अल्फास के लिए, बल्कि पूरे विद्यालय और गांव के लिए गर्व का प्रतीक बन गया। इस अनमोल पल ने एक अनकही भावना को जन्म दिया, जिसे शब्दों में बयान करना कठिन है।


इस दौरान, अखिल कुमार ने महामहिम राष्ट्रपति को काइनात इंटरनेशनल स्कूल में आमंत्रित करते हुए कहा, “हमारे विद्यालय और गांव के लिए यह सबसे बड़ा सम्मान होगा यदि आप हमारे बीच आकर बच्चों को प्रेरित करें।” उनकी इस विनम्र प्रार्थना ने राष्ट्रपति महोदया के दिल को छू लिया, और उनके चेहरे पर मुस्कान आ गई।

इस विशेष अवसर पर, सलोनी कुमारी और मुस्कान कुमारी ने 66 इंच लंबे कपड़े के स्क्रॉल पर लिखा आभार संदेश महामहिम राष्ट्रपति को उनकी 66वीं जयंती पर भेंट किया। इस स्क्रॉल पर राष्ट्रपति भवन में आमंत्रण के लिए विद्यालय की ओर से धन्यवाद संदेश अंकित था। यह भेंट छात्रों की ओर से एक खास संदेश लेकर आई कि वे इस अवसर को अपने जीवन का सबसे मूल्यवान अनुभव मानते हैं।
शकील काकवी , फाउंडर चेयरमैन , कायनात इंटरनेशनल स्कूल , कायनात नगर , काको, जहानाबाद, बिहार ने कहा कि “ छात्रों के लिए की यह यात्रा सिर्फ एक शिष्टाचार मुलाकात नहीं थी, बल्कि यह उनके जीवन में एक नया अध्याय लिखने का क्षण था। यह यात्रा न केवल उनके लिए एक प्रेरणा बनी, बल्कि यह अन्य ग्रामीण और वंचित क्षेत्रों के बच्चों के लिए भी एक मिसाल पेश करती है कि समर्पण और परिश्रम से कुछ भी हासिल किया जा सकता है। इस दौरे को विद्यालय के इतिहास में एक महत्वपूर्ण अवसर के रूप में देखा जा रहा है, जो छात्रों को प्रेरणा और देशभक्ति के साथ-साथ शिक्षा के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित करने के लिए प्रेरित करेगा।“
विद्यालय की प्रिंसिपल डॉ. कहकशन बेगम ने इस अवसर पर कहा, “यह हमारे स्कूल के लिए गर्व का क्षण है कि हमारे छात्र राष्ट्रपति भवन में माननीय राष्ट्रपति से मिल सके। यह अनुभव न केवल उनके व्यक्तित्व विकास में सहायक होगा बल्कि उन्हें समाज और राष्ट्र की सेवा के लिए प्रेरित करेगा।”
भारत स्काउट्स एवं गाइड्स, जहानाबाद के जिला आयुक्त हरि शंकर कुमार ने कायनात इंटरनेशनल स्कूल स्काउट्स एवं गाइड्स इकाई के प्रयासों की सराहना की और कहा कि “स्काउट्स एवं गाइड्स को राष्ट्रपति भवन पहुंचने और भारत की महामहिम राष्ट्रपति से मिलने का अवसर मिलना पूरे स्काउट्स एवं गाइड्स समुदाय के लिए गौरव की बात है। इससे साथी स्काउट्स एवं गाइड्स को स्काउट्स एवं गाइड्स के आदर्श वाक्य “तैयार रहो” का पालन करने के लिए प्रोत्साहित करने का मार्ग प्रशस्त होगा।”

ZEA

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