उत्तर बिहार के विभिन्न ज़िले ऐसे हैं जिनके गांव नदियों के किनारे और नदियों के स्त्रोत में बसे हुए हैं जो सबसे अधिक असुरक्षित हैं, और उन जिलों में हर वर्ष बाढ़, सूखा और भूकंप जैसी आपदाओं से वहां का हर वर्ग हर समुदाय गरीबी का दंश झेलते हमेशा… Read More...
विभिन्न संस्थाओं में आयोजित कार्यक्रमों से "एक पृथ्वी, एक कुटुम्ब, एक भविष्य" की परिकल्पना को तो सार्थक हुई ही , एक भारत: श्रेष्ठ भारत के भाव को भी भी बल मिला । Read More...
धर्म सिर्फ मानवता का ही नाम नहीं है अपितु मानवता को उसके सबसे उच्चत शिखर पर पहुँचाने का नाम है,आज एक बड़ी मानव आबादी धर्म और मानवता को देखती है, Read More...
इससे पहले एशियाई गेम की खाती शीला दीक्षित सरकार ने दिल्ली सजाया था। और अब फिर से एक बार दिल्ली को सजने संवरने का अवसर मिला है। यदि हर साल अंतर्राष्ट्रीय कोई इवेंट होता है तो भारत विश्व का सबसे बड़ा व्यापार का हब बनजायेगा। Read More...
एक ओर देश गौरवान्वित हो रहा है तो दुसरीं ओर इस देश का नागरिक बेरोज़गारी और गरीबी का डंस झेलते हुए ताली बजा रहा है। इसे विडम्बना कहें या दुर्भगय????? Read More...
शिक्षक शिष्य के लिए तपने का संकल्प लेता है, उसे अपना ज्ञान देता है, शिष्य को प्रतिनिधि एवं अपने को प्रतिकृति के रूप में देखता है, तब वह शिक्षक कहलाता है। Read More...
नूंह और गुड़गांव में हिन्दुतत्व प्रदर्शनकारियों द्वारा आगजनी और और हिंसा कर चार लोगों को मौत के घाट उतार दिया जाता है और
हरियाणा सरकार द्वारा स्थानीय मुसलमानों के सैकड़ों मकान बुलडोजर से तुड़वा दिये। और हम आज़ादी के अमृत महोत्सव मनाया रहे… Read More...